भारतीय संघीय बजट 2026-27
एक विस्तृत एवं तटस्थ समीक्षा
विकसित भारत @2047 की दिशा में एक संतुलित कदम
परिचय
नमस्कार! वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा 1 फरवरी 2026 को पेश किया गया संघीय बजट 2026-27, 'विकसित भारत' के संकल्प को मजबूत करता है। यह बजट तीन प्रमुख कर्तव्यों पर आधारित है: सतत आर्थिक विकास, क्षमता निर्माण और सबका साथ-सबका विकास। कुल व्यय ₹53.5 लाख करोड़ अनुमानित है, जिसमें पूंजीगत व्यय पर मजबूत फोकस है।
यह बजट युवा शक्ति, गरीब, किसान, महिलाओं और समावेशी विकास पर केंद्रित है। राजकोषीय घाटा 4.3% रखने का लक्ष्य है।
बजट का समग्र अवलोकन
प्रमुख आंकड़े और लक्ष्य
- आर्थिक विकास दर: 7-7.5% अनुमानित
- राजकोषीय घाटा: 4.3% (पिछले से कम)
- पूंजीगत व्यय: ₹12 लाख करोड़+ (जीडीपी का 3.1%)
- कुल व्यय: ₹53.5 लाख करोड़
- कर प्राप्तियां: ₹28.7 लाख करोड़ (अनुमानित)
मुख्य क्षेत्रों में आवंटन
- बुनियादी ढांचा और रक्षा: उच्च प्राथमिकता
- स्वास्थ्य और शिक्षा: 1 लाख+ स्वास्थ्य पेशेवर, नई संस्थाएं
- कृषि और MSME: नए फंड और क्रेडिट गारंटी
- AI और डिजिटल: क्लाउड कंपनियों के लिए टैक्स छूट तक 2047
यह बजट उत्पादकता, प्रतिस्पर्धा और समावेश पर जोर देता है, लेकिन तत्काल उपभोक्ता राहत सीमित है।
मध्यवर्गीय परिवारों के लिए सुविधाएं
कर राहत और अन्य लाभ
- नई कर व्यवस्था में ₹12 लाख तक प्रभावी कर-मुक्त (धारा 87A छूट)
- वरिष्ठ नागरिकों के लिए ब्याज आय पर कटौती ₹50,000 से बढ़ाकर ₹1 लाख
- TCS विदेशी रेमिटेंस (शिक्षा/चिकित्सा) पर 5% से घटाकर 2%
- कैंसर दवाओं पर ड्यूटी छूट, स्वास्थ्य व्यय में राहत
मजबूत पक्ष: सरलीकरण और अप्रत्यक्ष लाभ। कमियां: स्लैब में कोई बड़ा बदलाव नहीं।
केंद्रीय एवं राज्य कर्मचारियों के लिए सुविधाएं
पेंशन, फंड और लाभ
- प्रोविडेंट फंड में नियोक्ता योगदान सीमा हटाई गई
- NPS और रिटायरमेंट बचत में बेहतर लचीलापन
- स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए 1 लाख+ नई भर्तियां
तटस्थ दृष्टि: दीर्घकालिक सुरक्षा मजबूत, लेकिन वेतन वृद्धि या बोनस में प्रत्यक्ष राहत नहीं।
छात्रों एवं बेरोजगार युवाओं के लिए योजनाएं
रोजगार और कौशल फोकस
- प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना: 1 करोड़ इंटर्नशिप
- ELI (रोजगार प्रोत्साहन) के लिए ₹30,000 करोड़
- AVGC लैब्स: 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में
- हर जिले में गर्ल्स हॉस्टल (STEM फोकस)
युवा शक्ति-चालित बजट: रोजगार सृजन पर मजबूत जोर।
महिलाओं के लिए योजनाएं
सशक्तिकरण और उद्यमिता
- 70% महिलाओं को आर्थिक गतिविधियों में शामिल करने का लक्ष्य
- SHE Marts: महिला SHG द्वारा संचालित रिटेल आउटलेट
- पहली बार उद्यमी महिलाओं, SC/ST के लिए नई योजना (₹2 करोड़ तक लोन)
- उच्च शिक्षा में भागीदारी बढ़ाने के लिए हॉस्टल
सेवा क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए योजनाएं
- AI और क्लाउड में स्किलिंग, टैक्स छूट
- पर्यटन और आतिथ्य में नए संस्थान
- MSME क्रेडिट गारंटी बढ़ाई गई
बुजुर्गों के लिए योजनाएं
- कैंसर/दुर्लभ रोग दवाओं पर ड्यूटी छूट
- वरिष्ठ नागरिकों के लिए ब्याज आय कटौती दोगुनी
- जेरियाट्रिक केयर इकोसिस्टम मजबूत, 1.5 लाख केयरगिवर्स ट्रेनिंग
स्वास्थ्य फोकस से जीवन गुणवत्ता में सुधार।
तटस्थ विश्लेषण: मजबूत पक्ष और कमियां
मजबूत पक्ष
- समावेशी विकास और दीर्घकालिक सुधार
- राजकोषीय अनुशासन और निवेश फोकस
- युवा, महिलाएं और MSME पर विशेष ध्यान
कमियां
- मध्यवर्ग को प्रत्यक्ष टैक्स राहत सीमित
- क्रियान्वयन चुनौतियां
- वैश्विक जोखिम (टैरिफ, मंदी)
निष्कर्ष
बजट 2026-27 विकास, समावेश और सततता का संतुलित दस्तावेज है। यह 'सबका साथ, सबका विकास' को मजबूत करता है, लेकिन सफलता क्रियान्वयन पर निर्भर करेगी। आपकी राय कमेंट में साझा करें!

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